किसने रची थी जम्मू एयरबेस को तबाह करने की ना‘पाक’ साजिश!

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Jammu airbase

जैसे-जैसे जम्मू वायुसेना स्टेशन पर हुए ड्रोन हमले की साजिश की परते खुलती रही है. तैसे ही पाकिस्तान की नापाक हरकत का खुलासा होता जा रहा है. दरअसल, ड्रोन हमले की जांच कर रही राष्ट्रीय सुरक्षा एजेंसी (एनआईए) के हाथ कई बड़े सबूत लगे हैं. सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक इस ड्रोन हमले में चीनी ड्रोन का इस्तेमाल किया गया था. विस्फोट के लिए उपयोग किए गए आईईडी में नाइट्रेट और आरडीएक्स का इस्तेमाल किया गया था.

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मीडिया रिपोर्ट्स मुताबिक घटना के वक्त मौजूद चश्मदीदों ने कहा था कि हमलावरों ने हमले के लिए दो ड्रोन का इस्तेमाल किया था और ये दोनों ड्रोन भारत-पाकिस्तान की सीमा की ओर से यहां आए थे. आपको याद दिला दे कि सेना के अधिकारियों ने पिछले हफ्ते ही कहा था कि सीमा पार से पाकिस्तान बम गिराने के लिए ड्रोन का इस्तेमाल किया जा रहा है. एक खुफिया अधिकारी ने बताया कि भारत में बॉर्डर पार पाकिस्तान से विस्फोटक भेजे जा रहे हैं.

जम्मू एयरबेस पर हुए ड्रोन हमले को लेकर 6 जुलाई को एक हाई लेवल मीटिंग होने वाली है. इस बैठक गृह सचिव अजय कुमार भल्ला के साथ जम्मू-कश्मीर के डीजी और सीआरपीएफ के डीजी भी मौजूद रहेंगे. इस बैठक में आईबी के डायरेक्टर और जम्मू कश्मीर के एडीजीपी भी शामिल होंगे. जांच एजेंसी हमले का पाकिस्तान और चीन कनेक्शन पता लगा रही है.

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बता दें, जम्मू वायुसेना स्टेशन पर हुए हमले में दो ड्रोन का इस्तेमाल किया गया था. इन दोनों ड्रोन में IED में RDX और नाइट्रेट का इस्तेमाल किया गया था. एक रिपोर्ट में दावा किया गया है कि एक IED में 1.5 किलोग्राम RDX का इस्तेमाल किया गया था. ड्रोन को GPS सिस्टम से जोड़ा गया था. GPS के माध्यम से ही ड्रोन को एयरबेस तक पहुंचाया गया था.

इस ड्रोन हमले के बाद से सुरक्षा बलों ने एहतिहातन श्रीनगर में ड्रोन की बिक्री पर रोक लगा दी है. इसे रखने और इस्तेमाल पर पूरी तरह से रोक लगा दी है. इससे पहले, जम्मू के सीमावर्ती राजौरी और कठुआ जिलों में ड्रोन और अन्य मानव रहित विमानों के इस्तेमाल पर पाबंदी लगा दी गई थी.

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बता दें, 27 जून की रात को हुए ड्रोन हमले के बाद क्षेत्र में कई और भी ड्रोन उड़ते हुए देखे गए थे. इसके बाद सुरक्षा बलों ने ठोस कदम उठाया है. आदेश में कहा गया है कि जिनके पास भी मानव रहित विमान या फिर ड्रोन हैं वो उन्हें अगले आदेश तक स्थानीय थानों में जमा करा दें.

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