एक ऐसा IPS जिस पर लगा रेप का आरोप, उसी को बना दिया जिला का SP

0
15
Crime News

हमारे देश का ये कैसा कानून है जहां पर एक आरोपी खुलेआम घमूता रहता है और वहीं एक निर्देष अपनी बेगुनाही साबित करने में अपनी जिंदगी सलाखों के पीछे बीता देता है. दरअसल, ऐसा ही एक मामला असम से सामने आया है. यहां पर आरोप किसी और पर नहीं बल्कि कानून की रक्षा करने वाले आईपीएस अधिकारी पर लगा है. इन सबके बावजूद उस आईपीएस को जिले की कमान सौंप दी गई है.

बता दें, आरोपी आईपीएस अपने सहकर्मी की 13 साल की बेटी के साथ यौन उत्पीड़न का आरोप लगा है. आईपीएस के खिलाफ इसी साल 31 मार्च को चार्जशीट भी दाखिल हो चुकी है और इस पर आईपीएस की धारा 354, 354ए और पॉस्को एक्ट के तहत आरोपी बनाया गया है. इस चार्जशीट को असम के कामरूप मेट्रोपोलिटन डिस्ट्रिक्ट के पॉक्सो एक्ट के स्पेशल जज को सौंपा गया है अभी सुनवाई होनी अभी बाकी है मगर उससे पहले ही आईपीएस अधिकारी को 14 मई को नए जिले की जिम्मेदारी सौंप दी गई. इससे पहले आईपीएस गुवाहाटी में तैनात थे.

Crime News

जिस आईपीएस पर आरोप लगा है वो 2012 बैच के आईपीएस गौरव उपाध्याय हैं, जो मूल रूप से उत्तर प्रदेश के रहने वाले हैं. चार्जशीट के मुताबिक, दिसंबर 2019 में जब वह कार्बी आंगलोंग पुलिस स्टेशन में अधीक्षक थे, तब उन्होंने अपने साथ काम करने वाली एक महिला पुलिस अधिकारी की बेटी के साथ यौन उत्पीड़न किया था. चार्जशीट में बताया गया है कि पीड़ित लड़की की मां, जो कि एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी हैं, दिसंबर 2019 में उपाध्याय के बेटे के जन्मदिन की पार्टी में शामिल होने के लिए अपनी 13 साल की बेटी और 9 साल के बेटे के साथ कार्बी आंगलोंग के मुख्यालय दीफू गई थीं.

गलत तरीके से नाबालिग को लगाया था हाथ

पार्टी खत्म होने के बाद गौरव उपाध्याय महिला अधिकारी और उनके दोनों बच्चों को अपने सरकारी आवास के पास अपना कार्यालय भवन दिखाने के लिए ले गए. इस दौरान महिला अधिकारी वॉशरूम चली गई और तब उपाध्याय ने उसकी बेटी के होठों पर दो बार किस किया. उस समय पीड़ित बच्ची का भाई भी वहीं मौजूद था. इसके बाद आधी रात को करीब 2.30 बजे उपाध्याय ने तीनों को उस होटल में पहुंचा दिया, जहां उन्होंने बुकिंग की थी.

Crime News

होटल में जाने के बाद जब महिला अधिकारी और उसका बेटा बेडरूम में थे, तो उपाध्याय ने लड़की के अकेले होने का फायदा उठाकर उसे अपने मोबाइल में वीडियो दिखने के बहाने गलत तरीके से हाथ लगाया. इसी के साथ, जब उसने बच्ची को फिर से किस करने की कोशिश की, तो वह किसी तरह दौड़कर बेडरूम में गई और दरवाजा अंदर से बंद कर दिया. तब लड़की ने अपनी मां को सारी बात बताई.

Crime News

3 जनवरी को दर्ज हुआ था मुकदमा

बता दें, इस मामले में 3 जनवरी 2020 को केस दर्ज किया गया था, जिसकी पड़ताल असम आपराधिक जांच विभाग ने की थी. असम के पुलिस महानिदेशक भास्कर ज्योति महंता ने कहा कि यह मामला अदालत में विचाराधीन है. चार्जशीट दाखिल की जा चुकी है, अगर अदालत अफसर को दोषी साबित करती है तो नियमानुसार उसे गिरफ्तार किया जाएगा. जब तक अदालत अपना फैसला नहीं सुना रही, हम उसकी सेवाएं ले सकते हैं.

Crime News

डीजीपी महंता ने बताया कि आईपीएस अफसर के तबादले के आदेश गृह मंत्रालय से मिले हैं, जानकारी के मुताबिक, यौन उत्पीड़न की यह घटना 31 दिसंबर 2019 के दौरान हुई थी. उस दौरान आरोपी के घर में एक पार्टी थी. इस मामले में 3 जनवरी 2020 को महिला थाने में आरोपी के खिलाफ नाबालिग की मां ने शिकायत दर्ज कराई थी.

बता दें, पीड़िता की मां असम पुलिस में वरिष्ठ अधिकारी हैं. हालांकि, यह केस बाद में सीआईडी को ट्रांसफर कर दिया गया. चार्जशीट में बताया गया है कि इस घटना के पीड़िता गंभीर मानसिक स्थिति से गुजर रही है.

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here