सावधान: कोरोना की तीसरी लहर सिंतबर-अक्टूबर में दे सकती है दस्तक, पहले जैसी ना करें गलती

0
32

कोरोना की दूसरी लहर से करीब चार लाख से ज्यादा मामले दर्ज किए जा चुके है और अब करीब रोजाना डेढ़ लाख नए केस सामने आ रहे है. ऐसे में कोरोना की तीसरी लहर को लेकर पहले ही चेतावनी दी जा चुकी है कि आने वाला वक्त और भी खतरनाक हो सकता है यानी कोरोना की दूसरी लहर से तीसरी लहर बेहद खतरनाक साबित होने वाली है. ऐसे में खुद की सुरक्षा ही कोरोना का सबसे बड़ा कवच बन सकता है. ऐसे में तीसरी लहर को लेकर सावधान रहने की जरूरत है. नीति आयोग के सदस्य वी.के. सारस्वत ने कहा कि भारत ने कोरोना की दूसरी लहर का सामना काफी अच्छी तरह से किया. इसलिए संक्रमण के नए मामलों की संख्या में काफी कमी आई है, उन्होंने इस बात पर भी जोर दिया कि तीसरी लहर से निपटने के लिए भी तैयारियां पूरी होनी चाहिए, जिससे युवा आबादी के अधिक प्रभावित होने की आशंका है.

 Corona's third wave

कोरोना की तीसरी लहर के मिले संकेत!

वी.के. सारस्वत ने कहा कि भारत के महामारी विशेषज्ञों ने बहुत स्पष्ट संकेत दिए हैं कि कोविड-19 की तीसरी लहर जरुर आएगी और इसके सितंबर-अक्टूबर से शुरू होने की आशंका है. इसलिए देश को अधिक से अधिक लोगों का टीकाकरण करना चाहिए. उनका कहना है कि, ‘हमने काफी हद तक अच्छा किया है. हमने कोविड-19 की दूसरी लहर का अच्छी तरह सामना किया और यह उसी का परिणाम है कि संक्रमण के नए मामले काफी कम हो रहे हैं.’

 Corona's third wave

दैनिक आंकड़ों पर दिखा असर

वी.के. सारस्वत ने कहा, ‘हमारी वैज्ञानिक और प्रौद्योगिकी गतिविधियों की मदद, ऑक्सीजन बैंक बनाना, बड़ी संख्या में ऑक्सीजन आपूर्ति के लिए उद्योग स्थापित कर, हम महामारी से निपटने में कामयाब रहे. रेलवे, एयरपोर्ट, सैन्य बल का इस्तेमाल तरल ऑक्सीजन को ले जाने के लिए किया जा रहा है. देश में पहले 4 लाख से अधिक रोजाना मामले सामने आ रहे थे, लेकिन पिछले कुछ दिनों में संक्रमण के नए मामलों की संख्या गिर कर लगभग 1.3 लाख पर आ गई है.

 Corona's third wave

कोरोना संक्रमण मुक्त होने की दर 93 प्रतिशत के पार

वी के. सारस्वत ने आगे कहा कि कोविड-19 वैश्विक महामारी की पहली लहर के दौरान भी भारत का प्रबंधन अच्छा था. उसने ही देश को वैश्विक महामारी की दूसरी लहर को नियंत्रित करने का आत्मविश्वास भी दिया. हमारा कोविड-19 की दूसरी लहर से निपटने का प्रबंधन शानदार था, जिसे हम आपातकालीन प्रबंधन कहते हैं. स्वास्थ्य मंत्रालय द्वारा जारी आंकड़ों के मुताबिक बीते शुक्रवार 1,20,332 लोग संक्रमित पाए गए. नए मामले सामने आने के बाद देश में संक्रमितों की संख्या बढ़कर 2,67,95,549 हो गई, जबकि मरीजों के संक्रमण मुक्त होने की दर 93 प्रतिशत के पार चली गई है.

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here